आंखें बंद कर, तुझे दिल से पुकारूं,
तेरे बिना तो जैसे सांस भी अधूरी लगती है।
तेरी मौजूदगी को महसूस करूं हर पल,
पर तुझ तक पहुंचने की राह ना मिलती है।
सपनों में तेरी छवि बसा ली है मैंने,
तेरे दरस की चाहत ही मेरी साधना है।
तेरी कृपा की बूंदें बरसा दे कान्हा,
तेरे सिवा मेरी दुनिया में और कोई राह नहीं है।
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